सीमांत मुख्यालय सशस्त्र सीमा बल, रानीखेत में 79वां स्वतंत्रता दिवस पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया गया
रिपोर्ट- बलवन्त सिंह रावत
रानीखेत। सीमांत मुख्यालय सशस्त्र सीमा बल, रानीखेत में 79वां स्वतंत्रता दिवस पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। अमित कुमार, महानिरीक्षक सीमांत रानीखेत ने सर्वप्रथम शहीद समारक पर पुष्पचक्र अर्पित कर शहीदों को श्रद्दांजलि अर्पित की, तदुपरांत महानिरीक्षक द्वारा सीमांत मुख्यालय के प्रांगण में ध्वजारोहण किया गया।
अधिकारियों व जवानों को संबोधित किया। महानिरीक्षक महोदय ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर विभिन्न पदकों से अलंकृत बल के अधिकारियों और जवानों को शुभकामनाएँ दीं। जिसके बाद सशस्त्र सीमा बल के पूर्व अधिकारियो व जवानो से मुलाकात कर उन्हें स्वतंत्रता दिवस की बधाई दी।
महानिरीक्षक अमित कुमार ने बताया कि 79वां स्वतंत्रता दिवस के शुभ अवसर पर मैं सशस्त्र सीमा बल की ओर से उत्तराखण्ड प्रदेशवासियों व देशवासियों को बहुत बहुत बधाई देता हूं। मैं सभी को ये विश्वास दिलाता हूं हम पूरी सत्यनिष्ठा और कर्त्तव्यपरायणता से अपने कार्यों को अंजाम देंगे भारत की सीमा पर देश को सुरक्षित रखेंगे, और सीमा क्षेत्र पर देशवासियों के कल्याण के लिए जो भी कार्य संभव है।
हम वो सभी कार्य पूर्ण करने का प्रयास करेंगे, ताकि उनसे हमारा संबंध रिश्ता अच्छा बना रहे, क्योंकि वो खुश हैं तो हमारा मनोबल ऊंचा रहेगा और हम भारत की सीमाओं को सुरक्षित रख पाएंगे।
महानिरीक्षक महोदय ने विगत वर्ष में बल की उपलब्धियों को बताते हुए कहा कि बल ने भारत-नेपाल-भूटान सीमा सुरक्षा के अतिरिक्त नक्सल विरोधी अभियानों, जम्मू कश्मीर में आंतरिक सुरक्षा, चुनाव ड्यूटी, अमरनाथ यात्रा ड्यूटी, बचाव व राहत कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के अतिरिक्त जन मन जीतने का कार्य भी किया है।
सीमान्त रानीखेत द्वारा प्रचालन एवं आसूचना के क्षेत्र में भी सराहनीय कार्य किया गया है | आसूचना आधारित मामलों में सतर्कता बरतते हुए विगत वर्ष में मानव तस्करी की 32 घटनाओं में बल ने 34 निर्दोष पीड़ितों को बचाया और उन्हें सुरक्षा और सम्मान प्रदान किया।
तस्करी से जुड़े 80 मामलों मे सफलतापूर्वक जब्ती की गयी और 111 अपराधी गिरफ्तार किए गए। इसके अतिरिक्त रू. 2,25,00000/- की भारतीय मुद्रा जब्त की जिससे हमारी आर्थिक स्थिरता को खतरा पहुंचाने वालों को करारा झटका लगा।
मादक और नशीले पदार्थों के खिलाफ दृढ़ लड़ाई में कुल 29 मामले दर्ज किए एवं 41 अपराधी गिरफ्तार किए गए। वही
मानव संसाधन विकास कार्यक्रमों में ग्रामीणों को विभिन्न क्षेत्रों जैसे सिलाई-कढाई, कंप्यूटर प्रशिक्षण, मुर्गी पालन , बकरी पालन, वानिकी व आधुनिक कृषि उत्पादन में भी प्रशिक्षित किया गया।
महानिरीक्षक महोदय ने बताया कि सीमा क्षेत्र में होने वाले राहत एवं बचाव कार्यों को भी सफलतापूर्वक निभाकर बल ने जान व माल की सुरक्षा की है तथा स्थानीय नागरिकों का विश्वास प्राप्त किया है। बल ने सदैव अपने ध्येय वाक्य सेवा, सुरक्षा एवं बंधुत्व को चरितार्थ किया है तथा भविष्य में भी इस ध्येय हेतु कृतसंकल्प हैं।
समारोह के दौरान सभी बल कर्मियों एवं स्कूल के छात्र- छात्राएं मे उमंग एवं उत्साह था। इस दौरान सभी ने तिरंगे के साथ व सेल्फ़ी पॉइंट पर सेल्फ़ी भी ली और उसे विभीन सोशल मीडिया एवं हर घर तिरंगा साइट पर भी अपलोड किया गया। वही समारोह में विशेष आमंत्रण पर स्कूल के छात्र- छात्राएं व अध्यापक, अर्धसैनिक बलों के सेवानिवृत अधिकारी व कर्मी व मीडिया कर्मी भी उपस्थित रहे।
इस अवसर पर दुर्गा बहादुर सोनार (उप-महानिरीक्षक), ओ.बी . सिंह (उप-महानिरीक्षक) (चिकित्सा), देबासिस पाल (कमांडेंट), कुमार सुंदरम (द्वितीय-कमान-अधिकारी), हरीश चन्द्र सिंह बिष्ट, उप-कमांडेंट, अनिल कुमार जोशी उप-कमांडेंट (संचार), प्रभाकर (उप- कमांडेंट), संजय डिमरी, सहायक कमांडेंट, गोविंद सिंह बोरा, सहायक कमांडेंट सहित सभी बलकर्मी उपस्थित रहे।
