गाजियाबाद पुलिस ने जासूसी और देश के संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने के मामले में मीरा प्रजापति उर्फ मीरा ठाकुर को गिरफ्तार किया है।
आरोपी महिला मूल रूप से मथुरा के औरंगाबाद क्षेत्र के महादेव नगर में रहती थी और यहीं से अपनी गतिविधियां संचालित कर रही थी।
मिली जानकारी के अनुसार, मीरा अपने पति से पिछले दो वर्षों से अलग रह रही थी और अपने दो बच्चों के साथ अकेले जीवन यापन कर रही थी। परिवार के अनुसार, उसने करीब आठ वर्ष पहले महादेव कॉलोनी में मकान खरीदा था। उसके पति मुकेश हलवाई का काम करते हैं और दोनों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था।
बताया जा रहा है कि मीरा दिखावे के लिए ई-रिक्शा चलाती थी और टाउनशिप से मथुरा तक सवारी ढोकर अपनी आमदनी का जरिया बनाती थी। पड़ोसियों के मुताबिक वह कम बोलने वाली थी और किसी से ज्यादा संपर्क नहीं रखती थी, जिससे उस पर कभी शक नहीं हुआ।
परिवार के सदस्यों ने उसकी गिरफ्तारी पर हैरानी जताई है। भाई नरोत्तम का कहना है कि उन्हें इस तरह की किसी गतिविधि की जानकारी नहीं थी और गिरफ्तारी की सूचना मिलते ही उन्होंने स्थानीय पुलिस से संपर्क किया।
वहीं पड़ोसियों का कहना है कि मीरा पिछले दो साल से इलाके में रह रही थी, लेकिन उसके व्यवहार से कभी नहीं लगा कि वह किसी जासूसी नेटवर्क से जुड़ी हो सकती है।
पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान मिले इनपुट के आधार पर कार्रवाई की गई है और अब पूरे नेटवर्क की गहन जांच की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार, मामले में और भी खुलासे होने की संभावना है।

