हल्द्वानी। शहर के समाजसेवी विशाल वर्मा एवं पूर्व पार्षद प्रत्याशी अंजलि वर्मा ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. के निर्देशानुसार कोतवाली हल्द्वानी में एक तहरीर देकर एक महिला और उसके परिजनों पर शादी के नाम पर लोगों को प्रेमजाल में फंसाकर झूठे मुकदमे दर्ज कराने तथा समझौते के नाम पर लाखों रुपये की मांग करने का गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
समाजसेवी विशाल वर्मा ने बताया कि शिवानी श्रीवास्तव नामक महिला अपने परिजनों एवं कथित प्रेमी के साथ मिलकर एक संगठित गिरोह के रूप में कार्य कर रही है। आरोप है कि यह गिरोह सीधे-साधे लोगों को प्रेम और विवाह के जाल में फंसाकर बाद में उनके खिलाफ दहेज उत्पीड़न, मारपीट और अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज कराता है तथा समझौते के नाम पर भारी रकम की मांग करता है।
पूर्व पार्षद प्रत्याशी अंजलि वर्मा ने बताया कि वार्ड संख्या-19 रामपुर रोड निवासी पीड़ित महिला सुमन श्रीवास्तव पिछले पांच वर्षों से क्षेत्र में किराए के मकान में रह रही हैं। लगभग छह माह पूर्व उन्होंने अपने परिवार के साथ हुई घटनाओं की जानकारी विशाल वर्मा और अंजलि वर्मा को दी थी।
तहरीर के अनुसार सुमन श्रीवास्तव के पुत्र विपिन श्रीवास्तव का विवाह 14 फरवरी 2016 को उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जनपद की तहसील ठाकुरद्वारा अंतर्गत ग्राम हिमायुपुर निवासी शिवानी श्रीवास्तव पुत्री जयपाल सिंह के साथ हिंदू रीति-रिवाज से हुआ था। दंपति का एक नौ वर्षीय पुत्र भी है। आरोप है कि वर्ष 2022 में शिवानी अपने पुत्र, सोने के आभूषण और अन्य सामान लेकर मायके चली गई तथा वापस ससुराल नहीं लौटी। इसके बाद उसने पति और ससुराल पक्ष के खिलाफ दहेज उत्पीड़न, मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी जैसे आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज करा दिया, जो वर्तमान में ठाकुरद्वारा न्यायालय में विचाराधीन है।
विशाल वर्मा का दावा है कि मुकदमे के दौरान शिवानी ने गौरव नामक व्यक्ति से दूसरा विवाह कर लिया। आरोप है कि कुछ समय बाद वह गौरव के घर से करीब तीन लाख रुपये मूल्य के सोने के आभूषण और 10 हजार रुपये नकद लेकर चली गई। इसके बाद गौरव ने विपिन श्रीवास्तव और उनकी मां सुमन श्रीवास्तव से संपर्क किया और पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी।
तहरीर में यह भी उल्लेख किया गया है कि गौरव ने फोन पर बातचीत के दौरान बताया कि 1 अगस्त 2026 को शिवानी ने उसके और उसके परिवार के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज कराया है। साथ ही मुकदमा वापस लेने के एवज में 15 लाख रुपये की मांग किए जाने तथा रकम न देने पर पूरे परिवार को जेल भिजवाने की धमकी देने का आरोप लगाया गया है।
समाजसेवी विशाल वर्मा का कहना है कि उपलब्ध तथ्यों और बातचीत के आधार पर ऐसा प्रतीत होता है कि शिवानी श्रीवास्तव, उसकी माता रज्जू देवी, पिता जयपाल सिंह, बड़ी बहन नीलम तथा अन्य सहयोगी मिलकर एक संगठित गिरोह के रूप में कार्य कर रहे हैं। आरोप है कि यह गिरोह शादी और मुकदमों को माध्यम बनाकर लोगों से मोटी रकम वसूलने का प्रयास करता है।
विशाल वर्मा और अंजलि वर्मा ने प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की गहन जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में कोई अन्य व्यक्ति इस प्रकार के कथित गिरोह का शिकार न बन सके।
नोट: मामले में लगाए गए सभी आरोप शिकायतकर्ताओं द्वारा पुलिस को दी गई तहरीर पर आधारित हैं। आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। पुलिस द्वारा मामले की जांच की जा रही है।


