भाजपा सरकार उत्तराखण्ड की बहुमूल्य परिसंपत्तियों को बेचने पर आमादा: करन माहरा
कांग्रेस कार्यालय में प्रेसवार्ता कर सरकार पर बोला हमला
ग्राम बिल्लेख में ‘धामी हटाओ, उत्तराखण्ड की भूमि बचाओ’ के तहत धरना-प्रदर्शन आज
रिपोर्ट– बलवन्त सिंह रावत
रानीखेत। कांग्रेस कार्यसमिति (CWC) के सदस्य एवं उत्तराखण्ड कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा ने भाजपा सरकार पर प्रदेश की ऐतिहासिक धरोहरों, सरकारी परिसंपत्तियों और बेशकीमती भूमि को निजी हाथों में सौंपने का गंभीर आरोप लगाया है।
उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार एक-एक कर राज्य की महत्वपूर्ण संपत्तियों को बेचने की दिशा में काम कर रही है। इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ आंदोलन तेज करने का ऐलान किया है। वहीं, ग्राम बिल्लेख में ‘धामी हटाओ, उत्तराखण्ड की भूमि बचाओ’ अभियान के तहत धरना-प्रदर्शन करने का निर्णय लिया गया है।
रानीखेत में निकट डोलिया पहाड़ी स्थित कांग्रेस कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए करन माहरा ने प्रदेश सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड की पहचान और विरासत से जुड़ी महत्वपूर्ण संपत्तियों को निजी हाथों में सौंपने की तैयारी की जा रही है। उनके अनुसार, राज्य सरकार की कार्यप्रणाली से प्रदेश की सार्वजनिक परिसंपत्तियों और जमीनों के भविष्य को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
उन्होंने कहा कि इन संपत्तियों का निर्माण और संरक्षण प्रदेश की जनता के संसाधनों तथा मेहनत से हुआ है। ऐसे में इन्हें निजी हाथों में सौंपने से राज्य के हितों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। माहरा ने आरोप लगाया कि सरकार को प्रदेश की सार्वजनिक संपत्तियों को बेचने के बजाय उनका बेहतर प्रबंधन और विकास सुनिश्चित करना चाहिए, ताकि इनसे राज्य को आर्थिक लाभ मिलता रहे और स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर भी उपलब्ध हों।
पत्रकार वार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड की जल, जंगल और जमीन प्रदेश की जनता की धरोहर हैं। इन संसाधनों की रक्षा करना सरकार की जिम्मेदारी है। कांग्रेस पार्टी इस मुद्दे पर चुप नहीं बैठेगी और जनता के बीच जाकर सरकार की नीतियों को लेकर सवाल उठाएगी।
प्रेसवार्ता के बाद कांग्रेस पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ आंदोलन को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया। इसके तहत ग्राम बिल्लेख में ‘धामी हटाओ, उत्तराखण्ड की भूमि बचाओ’ अभियान के अंतर्गत धरना-प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि प्रदेश की जमीन और सार्वजनिक संपत्तियों से जुड़े मुद्दों को लेकर आंदोलन को व्यापक रूप दिया जाएगा।
करन माहरा ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस राज्य के प्राकृतिक संसाधनों, सार्वजनिक संपत्तियों और आम जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष करेगी। उन्होंने कहा कि सरकार के फैसलों और नीतियों का विरोध लोकतांत्रिक तरीके से जारी रहेगा।
पत्रकार वार्ता में कांग्रेस के कई वरिष्ठ पदाधिकारी, स्थानीय नेता एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।


