फाइनल में अंकित माहरा–दीपक रावत की जोड़ी को 2-0 से हराया, एकल वर्ग के फाइनल में विनय कुमार और दीपक रावत आमने-सामने
एकल वर्ग में विनय कुमार और दीपक रावत फाइनल में पहुंचे, बाल वर्ग में मौलिक ने मारी बाजी।
रिपोर्ट– बलवन्त सिंह रावत
रानीखेत। माँ नन्दा-सुनन्दा सेवा समिति के तत्वावधान में आयोजित स्व. डी.सी. पांडे स्मृति कैरम प्रतियोगिता में रोमांचक मुकाबलों का दौर जारी है। प्रतियोगिता के डबल्स वर्ग के फाइनल मुकाबले में कमल नगरकोटी–नन्दकिशोर की जोड़ी ने शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए खिताब अपने नाम कर लिया। उनकी जीत के साथ ही प्रतियोगिता स्थल पर मौजूद खेलप्रेमियों में उत्साह देखने को मिला।
डबल्स वर्ग के फाइनल मुकाबले में अंकित माहरा–दीपक रावत की जोड़ी का सामना कमल नगरकोटी–नन्दकिशोर की जोड़ी से हुआ। 29 अंकों के तीन फ्रेमों के आधार पर खेले गए इस मुकाबले में दोनों जोड़ियों के बीच शुरुआत से ही कड़ा मुकाबला देखने को मिला। हालांकि कमल नगरकोटी और नन्दकिशोर ने बेहतर तालमेल, सटीक निशाने और शानदार रणनीति का प्रदर्शन करते हुए मुकाबला 2-0 से अपने नाम किया और डबल्स वर्ग की ट्रॉफी पर कब्जा जमाया।
एकल वर्ग के फाइनल में पहुंचीं दो मजबूत दावेदारियां
प्रतियोगिता के एकल वर्ग के सेमीफाइनल मुकाबले भी काफी रोमांचक रहे। पहले सेमीफाइनल में विनय कुमार ने शानदार प्रदर्शन करते हुए राम सिंह को पराजित किया और फाइनल में प्रवेश किया। वहीं दूसरे सेमीफाइनल मुकाबले में दीपक रावत ने अमित कुमार को हराकर फाइनल में अपनी जगह पक्की की। अब एकल वर्ग के फाइनल मुकाबले में विनय कुमार और दीपक रावत के बीच होने वाले मुकाबले को लेकर खेलप्रेमियों में खासा उत्साह है।
बाल वर्ग में मौलिक ने मारी बाजी
प्रतियोगिता में 8 से 12 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों के लिए आयोजित कैरम मुकाबले भी आकर्षण का केंद्र रहे। इस वर्ग में कुल पांच टीमों ने हिस्सा लिया। सिंगल फ्रेम के आधार पर खेले गए मुकाबलों के फाइनल में मौलिक ने भावार्थ को हराकर खिताब अपने नाम किया। बच्चों के उत्साह और शानदार खेल ने प्रतियोगिता में मौजूद दर्शकों का भी खूब मनोरंजन किया।
निर्णायकों ने निभाई अहम जिम्मेदारी
प्रतियोगिता के दौरान मुकाबलों को निष्पक्ष एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने में निर्णायकों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। प्रतियोगिता संयोजक कुलदीप कुमार, विनय मसीह, ललित बिष्ट और मनीष बोरा ने एकल सेमीफाइनल तथा डबल्स फाइनल मुकाबलों में निर्णायक की भूमिका निभाई। वहीं बाल वर्ग के मुकाबलों में पियूष साह ने निर्णायक की जिम्मेदारी संभाली।
बड़ी संख्या में मौजूद रहे खेलप्रेमी
रोमांचक मुकाबलों का आनंद लेने के लिए प्रतियोगिता स्थल पर बड़ी संख्या में खेलप्रेमी मौजूद रहे। इस दौरान केवलानंद, मोहन बिष्ट, मुकेश कुमार, हरीश अधिकारी, चन्द्रदत्त बेलवाल, जयंत रौतेला, संदीप तिवारी, आनंद सिंह, सुधीर, अभिषेक, सोनू, राहुल, अमित कुमार, सुन्दर, मनोज पांडे, हेम पांडे, हिमांशु रावत, मनीष भगत, कुन्दन बिष्ट और खुशाल सिंह सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
डबल्स वर्ग का विजेता तय होने के बाद अब प्रतियोगिता में सभी की निगाहें एकल वर्ग के फाइनल मुकाबले पर टिकी हैं।
खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन और लगातार हो रहे रोमांचक मुकाबलों के चलते प्रतियोगिता को लेकर खेलप्रेमियों में उत्साह बना हुआ है।





