काशीपुर किसान सुखवंत सुसाइड केस: फेसबुक लाइव में लगाए गंभीर आरोप, होटल में गोली मारकर दी जान,27 लोगों को मौत का बताया जिम्मेदार

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जमीन धोखाधड़ी का आरोप, 27 प्रॉपर्टी डीलर और तीन पुलिस अधिकारियों को ठहराया जिम्मेदार, नौ पन्नों का सुसाइड नोट बरामद

हल्द्वानी। काशीपुर निवासी किसान सुखवंत ने आत्महत्या से पहले शनिवार दोपहर फेसबुक पर लाइव आकर 4 मिनट 54 सेकंड का वीडियो बनाया। वीडियो में उन्होंने जमीन के नाम पर करोड़ों की धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए 27 प्रॉपर्टी डीलरों और तीन पुलिस अधिकारियों को अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया। इसके बाद देर रात गौलापार स्थित एक होटल के कमरे में उन्होंने खुद को गोली मार ली। यह लाइव वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

फेसबुक लाइव में क्या बोले सुखवंत

खुद को किसान बताते हुए कहा कि उन्हें जमीन कुछ और दिखाई गई और दी कुछ और गई।

चार करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का आरोप—तीन करोड़ नकद और एक करोड़ खाते में लेने की बात कही।

थाना आईटीआई में शिकायत करने पर प्रभारी द्वारा गाली-गलौज का आरोप लगाया।

गिरोह पर पुलिस को 30 लाख रुपये देने का गंभीर आरोप, सुनवाई न होने की बात कही।

चार महीने तक उत्पीड़न का दावा करते हुए मरने के बाद सीबीआई जांच की मांग की।

आरोप लगाया कि पुलिस भ्रष्ट है और गरीबों का शोषण करती है।

परिवार के साथ सामूहिक आत्महत्या की थी आशंका

सुखवंत ने वीडियो में पत्नी और बेटे के साथ जान देने की बात कही थी। जानकारी के मुताबिक तीनों हाईकोर्ट नैनीताल जाने वाले थे, लेकिन रास्ते में गौलापार आकर होटल में रुके। आशंका है कि रात में पत्नी पर वार किया गया, हालांकि पत्नी और बेटा बाहर निकल गए, जिससे उनकी जान बच गई।

पत्नी और बेटे की हालत

पत्नी प्रदीप कौर और 14 वर्षीय बेटा गुरुसहेज का इलाज एसटीएच में किया गया, दोनों अब खतरे से बाहर हैं। पुलिस ने दोनों के बयान दर्ज कर मनोवैज्ञानिक काउंसिलिंग कराई है। सुरक्षा के लिए महिला पुलिस की तैनाती की गई।

नौ पन्नों का सुसाइड नोट बरामद

मृतक की पत्नी ने पुलिस को नौ पन्नों का सुसाइड नोट सौंपा। एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी के अनुसार, सुसाइड नोट में वही आरोप दर्ज हैं जो फेसबुक लाइव में कहे गए थे। इसमें प्रॉपर्टी डीलरों और पुलिस अधिकारियों के नाम लिखे हैं। मामले की गहन जांच जारी है।

जांच और कार्रवाई

होटल के कमरे नंबर 101 से साक्ष्य जुटाए गए।

एफएसएल टीम ने मौके की बारीकी से जांच की, पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई गई।

घटना में प्रयुक्त तमंचा लाइसेंसी है या नहीं, इसकी जांच हो रही है।

सूत्रों के अनुसार, संबंधित पुलिसकर्मियों पर पुलिस मुख्यालय स्तर से सख्त कार्रवाई हो सकती है।

तहरीर मिलने पर प्रॉपर्टी डीलरों और अन्य आरोपियों पर मुकदमा दर्ज होने की संभावना है। मामला सीएम तक पहुंच चुका है।

क्यों चुना हल्द्वानी?

यह सवाल बना हुआ है कि आत्महत्या के लिए 72 किमी दूर हल्द्वानी क्यों आए। चर्चा है कि सुखवंत को यूएस नगर पुलिस पर भरोसा नहीं था और वह चाहते थे कि नैनीताल जिले की पुलिस निष्पक्ष कार्रवाई करे।

पोस्टमार्टम और अंतिम संस्कार

हल्द्वानी में डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमार्टम किया। इसके बाद शव को काशीपुर ले जाया गया, जहां परिजनों की मौजूदगी में अंतिम संस्कार की तैयारी की गई।

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