रानीखेत में शिक्षा की नई पहल: ‘ज्ञान, मेहनत और सफलता’ के मंत्र से DIO संस्थान संवरेगा युवाओं का भविष्य
रिपोर्ट– बलवन्त सिंह रावत
रानीखेत। विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर मार्गदर्शन और आत्मविश्वास के साथ सीखने का अवसर देने के उद्देश्य से रानीखेत में ‘Doubt Is Out’ (DIO) संस्थान की तीसरी शाखा का शुभारंभ किया गया।
सरस्वती उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में दर्जा राज्यमंत्री कैलाश पंत और प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य दीप भगत ने संयुक्त रूप से रिबन काटकर संस्थान का उद्घाटन किया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल अच्छे अंक हासिल करना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास करना और उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना भी है।
इसी सोच के साथ DIO संस्थान की ओर से विद्यार्थियों को सही मार्गदर्शन देने, उनकी शंकाओं का समाधान करने और उनमें आत्मविश्वास विकसित करने की पहल की गई है।
डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के विचारों को किया याद
कार्यक्रम के दौरान डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के शिक्षा संबंधी विचारों को याद किया गया। वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य विद्यार्थियों को अपनी अंतर्निहित क्षमता पहचानने और उसे विकसित करने का अवसर देना है।
संस्था की ओर से बच्चों को केवल किताबी ज्ञान तक सीमित रखने के बजाय अच्छे संस्कार, मजबूत शैक्षणिक नींव और निडर व्यक्तित्व विकसित करने पर जोर दिया जाएगा।
‘Doubt Is Out’—डर नहीं, विश्वास के साथ सवाल पूछेंगे विद्यार्थी
संस्थान की खास पहल ‘DIO यानी Doubt Is Out’ के माध्यम से विद्यार्थियों के मन से पढ़ाई और सवाल पूछने का डर दूर करने का प्रयास किया जाएगा। बच्चों को रटने के बजाय विषय को समझकर सीखने और अपनी शंकाओं को बिना झिझक शिक्षकों के सामने रखने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
संस्था का उद्देश्य विद्यार्थियों को कक्षा में बेहतर प्रदर्शन के साथ-साथ भविष्य की प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए भी तैयार करना है। यहां कक्षा 1 से 12वीं तक के विद्यार्थियों को कोचिंग प्रदान की जाएगी। साथ ही 12वीं के बाद विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए भी मार्गदर्शन दिया जाएगा।
कैलाश पंत बोले—बच्चों की शंकाओं का समाधान करना संस्थान का उद्देश्य
दर्जा राज्यमंत्री कैलाश पंत ने कहा कि प्रदीप रावत और आकांक्षा रावत की ओर से DIO इंस्टीट्यूट की शुरुआत की गई है। उन्होंने कहा कि संस्थान में कक्षा 1 से 12वीं तक के बच्चों को कोचिंग दी जाएगी और इसका उद्देश्य बच्चों के सभी प्रश्नों एवं शंकाओं का समाधान करना है।
उन्होंने कहा कि संस्थान का नाम भी अपने उद्देश्य को स्पष्ट करता है—‘Doubt Is Out’। उन्होंने संस्थान के संचालकों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि बच्चों के हित में किया जा रहा यह प्रयास निश्चित रूप से महत्वपूर्ण है और संस्थान निरंतर आगे बढ़े।
प्रदीप रावत बोले—बच्चों को बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराना विजन
संस्थान के संस्थापक प्रदीप रावत ने कहा कि रानीखेत क्षेत्र में संस्थान शुरू करने के पीछे उनका उद्देश्य विद्यार्थियों को वह शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना है, जिसकी उन्हें आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि इसी विजन के साथ ‘Doubt Is Out’ की शुरुआत की गई है और रानीखेत में यह इसकी तीसरी शाखा है।
उन्होंने बताया कि संस्थान में बच्चों को शैक्षणिक शिक्षा के साथ-साथ 12वीं के बाद प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी कराई जाएगी। विद्यार्थियों के शैक्षिक स्तर के साथ उनके सर्वांगीण विकास पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।
कार्यक्रम में ये लोग रहे मौजूद
शुभारंभ कार्यक्रम में दर्जा राज्यमंत्री कैलाश पंत, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य दीप भगत, जिला पंचायत सदस्य बीना बिष्ट, ग्राम प्रधान आकांक्षा रावत, जगदीश अग्रवाल, मोहन नेगी, चंद्र मोहन सिंह रावत, दीपक रावत, प्रदीप रावत, खजाना जोशी सहित अभिभावकगण और क्षेत्रीय जनता मौजूद रही।


