नैनीताल उच्च न्यायालय के आदेश के बाद डीएसए ग्राउंड में बकरा ईद की नमाज अदा की गई
रिपोर्टर गुड्डू सिंह ठठोला
नैनीताल। उत्तराखंड उच्च न्यायालय के आदेश के बाद नैनीताल के मल्लीताल स्थित डीएसए मैदान में ईद-उल-अजहा (बकरा ईद) की नमाज अदा की गई। नमाज को लेकर पिछले कई दिनों से स्थिति संवेदनशील बनी हुई थी। शांति समिति की बैठक में प्रशासन ने स्पष्ट किया था कि मैदान में नमाज अदा करने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की अनुमति आवश्यक होगी। इसके बाद डीएसए प्रबंधन द्वारा अनुमति जारी की गई, लेकिन बाद में एक अन्य आदेश के जरिए अनुमति निरस्त कर दी गई। प्रशासन का कहना था कि डीएसए मैदान खेल गतिविधियों के लिए निर्धारित है।
मामला उच्च न्यायालय पहुंचा, जहां वर्षों पुरानी परंपरा को देखते हुए मैदान में नमाज अदा करने की अनुमति प्रदान की गई। हालांकि ईद की सुबह तल्लीताल क्षेत्र से आने वाले कई लोगों को पुलिस द्वारा डीएसए मैदान की ओर जाने से रोके जाने पर कुछ देर के लिए तनाव की स्थिति भी पैदा हो गई।
इसके बावजूद मुस्लिम समुदाय ने अमन, भाईचारे और सौहार्द का संदेश देते हुए डीएसए मैदान में ईद की नमाज अदा की। नमाज के बाद हजारों मुस्लिम भाइयों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी। शहर इमाम ने कहा कि ईद-उल-अजहा त्याग और कुर्बानी का पर्व है, जिसमें अल्लाह की राह में कुर्बानी दी जाती है। उन्होंने देश में सुख-शांति और भाईचारे की दुआ की।
शहर इमाम ने बताया कि वर्षों से नैनीताल और आसपास के मुस्लिम समुदाय के लोग यहां नमाज अदा करते आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि कुछ दिन पहले डीएसए मैदान में नमाज को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई थी, लेकिन उच्च न्यायालय के आदेश के बाद आज शांतिपूर्ण ढंग से नमाज अदा की गई।
उन्होंने लोगों से कुर्बानी के दौरान साफ-सफाई बनाए रखने और गंदगी न फैलाने की अपील भी की। वहीं पूरे कार्यक्रम के दौरान भारी पुलिस बल तैनात रहा।
एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी ने कहा कि पुलिस ने केवल उच्च न्यायालय के आदेशों का पालन किया है। उन्होंने बताया कि लोगों से अपने-अपने क्षेत्रों में भी नमाज अदा करने की अपील की गई थी।

